अहमदाबाद: शेयर बाजार के लिहाज से साल 2025 काफी हलचल भरा रहा। भारतीय इक्विटी मार्केट में भारी अस्थिरता देखने को मिली, लेकिन इस मुश्किल दौर में भी गुजरात स्थित कंपनियों ने निवेशकों को निराश नहीं किया। इन कंपनियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए साल भर में 88% तक का जबरदस्त रिटर्न दिया है।
सरकारी कंपनी बनी कमाई की चैंपियन
इस साल सबसे ज्यादा कमाई कराने वाली कंपनियों में राज्य सरकार की कंपनी जीएमडीसी लिमिटेड (GMDC Ltd) सबसे आगे रही। इसने कैलेंडर वर्ष 2025 में निवेशकों को 88% का भारी-भरकम मुनाफा दिया। इसके बाद दूसरे नंबर पर अडानी पावर लिमिटेड (Adani Power Ltd) रही, जिसने लगभग 35% का रिटर्न दिया।
इसके अलावा, एआईए इंजीनियरिंग (AIA Engineering), अडानी पोर्ट्स एंड एसईजेड (Adani Ports and SEZ) और अडानी ट्रांसमिशन (Adani Transmission) ने भी एक साल के भीतर 18% से ज्यादा का मुनाफा देकर निवेशकों की झोली भर दी।
क्यों रहा बाजार में दबाव?
एक स्टॉक ब्रोकिंग फर्म के निदेशक वनेश पांचाल ने बाजार की स्थिति पर अपनी राय रखते हुए बताया, “भारतीय इक्विटी बाजारों के लिए 2025 कंसोलिडेशन (समेकन) का साल साबित हुआ।”
उन्होंने समझाया कि अमेरिका की ओर से टैरिफ को लेकर फिर से उठी चिंताओं और भू-राजनीतिक (geopolitical) तनावों के कारण वैश्विक अनिश्चितता काफी बढ़ गई थी। इन वैश्विक व्यापारिक जोखिमों और बाजार के उच्च मूल्यांकन (high valuations) ने मिलकर एक चुनौतीपूर्ण माहौल तैयार किया, जिससे बाजार में भारी उतार-चढ़ाव रहा और कुल रिटर्न पर भी इसका असर पड़ा।
निफ्टी ने फिर भी दी बढ़त
हालांकि इक्विटी निवेशकों के लिए जश्न मनाने के बहुत ज्यादा मौके नहीं थे, लेकिन राहत की बात यह रही कि लगातार 10वें कैलेंडर वर्ष में भी बाजार ने पॉजिटिव रिटर्न दिया। बेंचमार्क निफ्टी (Nifty) पिछले साल के मुकाबले लगभग 10% ऊपर बंद हुआ। भले ही मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों की चाल थोड़ी धीमी रही हो, लेकिन गुजरात मुख्यालय वाली कुछ कंपनियों ने शेयर बाजार (bourses) पर शानदार प्रदर्शन किया।
कई कॉरपोरेट्स की कमाई में अच्छी दृश्यता (earnings visibility) दिखी, जिसके चलते उनके शेयरों ने व्यापक बाजार की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया।
भविष्य के लिए सकारात्मक संकेत
जैसे-जैसे हम नए कैलेंडर वर्ष में प्रवेश कर रहे हैं, गुजरात की कुछ कंपनियों का भविष्य बेहद उज्ज्वल नजर आ रहा है। कठिन वैश्विक आर्थिक परिदृश्य में भी शीर्ष गुजरात-आधारित कंपनियों ने गजब का लचीलापन दिखाया है। अपने मजबूत बुनियादी ढांचे (fundamentals) के दम पर इन कंपनियों ने सूचकांकों की तुलना में निवेशकों को कहीं अधिक रिटर्न देकर अपनी ताकत साबित की है।
यह भी पढ़ें-










