राजकोट शहर के एक बेहद व्यस्त ज्वेलरी व्यापारिक इलाके में गुरुवार सुबह एक ऐसी दुस्साहसिक घटना घटी, जिसने पूरे व्यापारी वर्ग को दहशत में डाल दिया है। भावनगर रोड स्थित एक आंगड़िया ऑफिस में घुसे दो हथियारबंद बदमाशों ने 20 सेकंड से भी कम समय में 19 लाख रुपये की नकदी लूट ली और मौके से फरार हो गए।
पुलिस के अनुसार, यह सनसनीखेज वारदात सुबह करीब 10:30 बजे के आसपास हुई। दोनों बदमाशों ने बंदूक की नोक पर आंगड़िया फर्म के एक कर्मचारी पर हमला किया और नकदी से भरा बैग लेकर भाग निकले। इस घटना को लेकर प्राइम एंटरप्राइज आंगड़िया के कर्मचारी अल्केश दवे ने बी डिवीजन पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है।
अल्केश दवे ने अपनी एफआईआर में बताया है कि वे गुरुवार को दो बैग में भारी नकदी लेकर घर से निकले थे। उन्होंने पहला बैग गोंडल रोड स्थित फर्म के मुख्य कार्यालय में सुरक्षित पहुंचा दिया था। इसके बाद वे 19 लाख रुपये से भरा दूसरा बैग लेकर भावनगर रोड स्थित शाखा में पहुंचे और उस बैग को अपनी टेबल पर रख दिया।
पुलिस के मुताबिक, कार्यालय खुले हुए बमुश्किल डेढ़ मिनट ही बीता था कि दो लोग ग्राहक बनकर वहां आ धमके। उनमें से एक ने गुजराती भाषा में कहा कि उसे दो लाख रुपये ट्रांसफर करने हैं। जैसे ही अल्केश उनका काम करने के लिए आगे बढ़े, उस शख्स ने अचानक उनकी गर्दन पकड़ ली और उनके चेहरे पर मुक्का जड़ दिया।
इसी दौरान, उसके दूसरे साथी ने अल्केश पर बंदूक तान दी और टेबल पर रखा नकदी से भरा बैग उठा लिया। अल्केश ने बहादुरी दिखाते हुए लुटेरों को रोकने की पूरी कोशिश की और उनके पीछे ऑफिस के बाहर तक गए, जहां उनके बीच हल्की हाथापाई भी हुई।
यह शोरगुल सुनकर आसपास की दुकानों और प्रतिष्ठानों से लोग बाहर निकल आए। भीड़ को इकट्ठा होता देख एक बदमाश ने हवा में हथियार लहराया और वहां मौजूद लोगों को जान से मारने की धमकी दी, जिससे दोनों को वहां से भागने का खुला मौका मिल गया। पुलिस का कहना है कि दोनों लुटेरे मोटरसाइकिल पर सवार होकर भावनगर रोड की ओर भाग निकले।
पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ डकैती, हत्या के प्रयास या गंभीर चोट पहुंचाने और आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस उपायुक्त (क्राइम) जगदीश बांगरवा ने बताया कि वे इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रहे हैं और लुटेरों की पहचान कर उन्हें जल्द पकड़ने के लिए तकनीकी तथा मानव खुफिया नेटवर्क की मदद ले रहे हैं।
इस लूट ने पेडक रोड, संत कबीर रोड और भावनगर रोड के व्यापारियों की सुरक्षा चिंताओं को काफी बढ़ा दिया है। यह पूरा इलाका इमिटेशन और चांदी के आभूषणों के थोक व्यापार का प्रमुख केंद्र माना जाता है। यहां की आंगड़िया फर्में नियमित रूप से बड़ी मात्रा में नकदी और कीमती धातुओं के कंसाइनमेंट का लेनदेन करती हैं, जिसके चलते सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
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