अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी सेना के ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ ऑपरेशन को अस्थायी रूप से रोकने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि ईरान के साथ एक संभावित समझौते की दिशा में काफी प्रगति हुई है। खाड़ी क्षेत्र में जारी तनाव के बावजूद ट्रंप ने इस अभियान को कुछ समय के लिए निलंबित कर दिया है।
उनका मुख्य उद्देश्य यह देखना है कि क्या तेहरान के साथ कोई पूर्ण और अंतिम समझौता हो सकता है या नहीं।
वहीं दूसरी ओर, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने वाशिंगटन पर ‘अधिकतम दबाव’ की नीति अपनाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अमेरिका यह उम्मीद कर रहा है कि ईरान उसकी एकतरफा मांगों के सामने पूरी तरह झुक जाएगा।
ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि वह मध्य पूर्व में युद्ध समाप्त करने के लिए ईरान के साथ समझौते तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। इसी प्रयास के तहत उन्होंने जहाजों को सुरक्षित निकालने के सैन्य अभियान को महज एक दिन बाद ही रोक दिया।
जहाजों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए सोमवार को ही ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ की शुरुआत की गई थी। इस बीच यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस ने एक बयान में बताया कि इसी क्षेत्र में एक मालवाहक जहाज पर किसी अज्ञात वस्तु से हमला किया गया है।
ईरान में जेल में बंद नोबेल शांति पुरस्कार विजेता नर्गेस मोहम्मदी के समर्थकों ने उनकी गिरती सेहत पर गहरी चिंता जताई है। उनकी कानूनी टीम का कहना है कि राष्ट्रीय सुरक्षा और प्रचार से जुड़े आरोपों में बंद इस कार्यकर्ता को जेल में दिल का दौरा पड़ा है। उन्हें उचित चिकित्सा सुविधा नहीं मिल रही है, जिसके चलते समर्थकों ने तत्काल अंतरराष्ट्रीय हस्तक्षेप की मांग की है।
कूटनीतिक मोर्चे पर भी काफी हलचल देखने को मिल रही है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने बुधवार को बीजिंग में चीन के शीर्ष राजनयिक वांग यी से मुलाकात की। शिन्हुआ समाचार एजेंसी ने इस बैठक की पुष्टि की है।
विश्लेषक जोडी वेन के अनुसार, अराघची का यह दौरा बेहद संवेदनशील समय पर हो रहा है। चीन इस समय तेहरान को बातचीत के लिए प्रेरित करने और होर्मुज जलडमरूमध्य में स्थिरता लाने का प्रयास कर रहा है। यह जलमार्ग दुनिया के पांचवें हिस्से के तेल निर्यात के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
इसी दिन अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से फोन पर ईरान और यूक्रेन के मुद्दों पर चर्चा की। यह अहम बातचीत ऐसे समय हुई जब रूस ने यूक्रेन के कई शहरों पर अपने घातक हमले तेज कर दिए हैं।
खाड़ी क्षेत्र की बात करें तो ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के तेल ठिकानों पर हमले की किसी भी पूर्व-नियोजित योजना से साफ इनकार किया है। ईरानी सरकारी टीवी ने एक सैन्य अधिकारी के हवाले से यह बात कही। इससे पहले यूएई ने फुजैरा में एक ऊर्जा प्रतिष्ठान पर हुए ड्रोन हमले के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया था।
इस बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने अपने क्षेत्रीय दौरे पर बहरीन को ड्रोन हमलों से निपटने में मदद की पेशकश की है। जेलेंस्की लगातार मध्य पूर्व के देशों को रूसी और ईरानी ड्रोन से लड़ने की अपनी तकनीक साझा कर रहे हैं।
अमेरिका ने साफ कर दिया है कि ईरान के खिलाफ उसके आक्रामक अभियान अब पूरे हो चुके हैं। नाजुक संघर्ष विराम के करीब एक महीने बाद मंगलवार को मार्को रूबियो ने व्हाइट हाउस में पत्रकारों से कहा कि राष्ट्रपति ने कांग्रेस को सूचित कर दिया है कि ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ अब खत्म हो गया है।
हालांकि पेंटागन ने चेतावनी दी है कि अगर होर्मुज जलडमरूमध्य में वाणिज्यिक जहाजों पर ईरान ने हमला किया, तो उसका विनाशकारी जवाब दिया जाएगा। शीर्ष अमेरिकी सैन्य अधिकारी के अनुसार आदेश मिलने पर अमेरिकी सेना फिर से लड़ाकू अभियान शुरू करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
इन सबके बावजूद ट्रंप ने ईरान से समझदारी दिखाने और युद्ध समाप्त करने के लिए समझौता करने की अपील की है। ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि वह और अधिक लोगों की जान नहीं लेना चाहते हैं।
इज़राइल में युद्ध खत्म होने को लेकर लोगों में अभी भी गहरा संदेह बना हुआ है। इज़राइल डेमोक्रेसी इंस्टीट्यूट के एक नए सर्वेक्षण के अनुसार 59 प्रतिशत इज़राइली इस स्तर पर ईरान के साथ युद्ध समाप्त करने का पुरजोर विरोध कर रहे हैं।
लगभग दो-तिहाई लोगों को लगता है कि बड़े पैमाने पर संघर्ष फिर से शुरू हो सकता है। सर्वेक्षण में लेबनान में हिजबुल्लाह के साथ एक स्थिर समझौते की संभावनाओं पर भी गहरी निराशा व्यक्त की गई है और इज़राइली रक्षा निर्णयों पर अमेरिकी प्रभाव को लेकर चिंता भी जाहिर की गई है।
इसके अलावा फ़िलिस्तीनी समाचार एजेंसी वफ़ा के अनुसार हेब्रोन के दक्षिण में रुजुम इली समुदाय पर इज़राइली बसने वालों के हमले में एक नाबालिग सहित तीन लोग घायल हो गए। इज़राइली बलों ने एक विदेशी कार्यकर्ता सहित तीन अन्य लोगों को हिरासत में भी लिया है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि हमलावरों ने मवेशी चुराने की कोशिश की और कई फिलिस्तीनियों को आंसू गैस का सामना करना पड़ा। लेबनान के शांति समझौते पर रूबियो ने कहा कि वाशिंगटन इज़राइल-लेबनान वार्ता को जारी रखने का प्रयास कर रहा है, लेकिन उन्होंने हिजबुल्लाह को इसमें मुख्य बाधा बताया है।
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