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माता-पिता को लगा बेटी लंदन में कर रही है पढ़ाई, फूड डिलीवरी ऐप के सुराग ने खोला पुणे के फ्लैट में मौत का खौफनाक राज

| Updated: October 31, 2026 12:09

परिवार को लग रहा था कि बेटी लंदन में एमबीए कर रही है, लेकिन फूड डिलीवरी ऐप के एक ट्रांजेक्शन ने पुणे के फ्लैट में उसकी रहस्यमयी मौत से पर्दा उठा दिया।

महाराष्ट्र के पुणे से एक बेहद हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। एमबीए की पढ़ाई के लिए लंदन गई एक 34 वर्षीय महिला का शव पुणे के एक किराए के फ्लैट में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला है। चौंकाने वाली बात यह है कि वह अपने परिवार को बिना बताए कई महीनों पहले ही गुपचुप तरीके से भारत लौट आई थी।

मृतका के माता-पिता को यही लग रहा था कि उनकी बेटी अभी भी ब्रिटेन में है। उन्हें उसके भारत में होने की भनक तब लगी जब उन्होंने उसके बैंक स्टेटमेंट की जांच की। बैंक खाते में फूड डिलीवरी और अन्य ऑनलाइन सर्विस प्लेटफॉर्म पर किए गए ट्रांजेक्शन देखकर परिवार के होश उड़ गए।

मूल रूप से छत्रपति संभाजीनगर की रहने वाली मुग्धा अविनाश देशमुख का शव गुरुवार को पिंपरी-चिंचवड़ के गहुंजे स्थित लोढ़ा बेलमोंडो आवासीय परिसर में उनके फ्लैट के अंदर पाया गया। पुलिस के अनुसार, उसके शरीर पर चोट के कोई बाहरी निशान नहीं मिले हैं और मौत के सटीक कारणों का अभी पता नहीं चल सका है।

मुग्धा एमबीए करने के लिए जुलाई 2025 में ब्रिटेन गई थीं। लेकिन पुलिस जांच में पता चला है कि वह इस साल अगस्त में ही भारत वापस आ गई थीं। तब से वह अपने माता-पिता को भनक लगे बिना पुणे में रह रही थीं।

परिवार के लोग फोन कॉल और मैसेज के जरिए मुग्धा के संपर्क में थे और यही मान रहे थे कि वह लंदन में पढ़ाई कर रही है। लेकिन 24 अक्टूबर को जब उनका संपर्क टूट गया और मोबाइल फोन भी लगातार बंद आने लगा, तो परिवार की चिंता बढ़ गई।

इसके बाद उनके पिता अविनाश देशमुख ने बेटी का हाल जानने के लिए लंदन में उसकी एक दोस्त से संपर्क किया। दोस्त ने बताया कि उसकी मुग्धा से आखिरी बार 22 अक्टूबर को मैसेज पर बात हुई थी। जब दोस्त ने लंदन पुलिस में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई, तो वहां से पता चला कि मुग्धा अगस्त के अंत में ही ब्रिटेन छोड़ चुकी थी।

यह जानकारी मिलने के बाद घबराए परिवार ने भारतीय अधिकारियों और भारतीय उच्चायोग से मदद मांगी। इसी बीच पिता ने मुग्धा के बैंक स्टेटमेंट खंगाले, जिनमें 8 से 25 अक्टूबर के बीच फूड डिलीवरी और ऑनलाइन सेवाओं के कई लेनदेन दिखाई दिए।

इनमें से एक ट्रांजेक्शन छत्रपति संभाजीनगर के उस्मानपुरा इलाके का होने का संदेह था, जिससे परिवार को यकीन हो गया कि उनकी बेटी भारत लौट आई है। उसकी सुरक्षा को लेकर चिंतित परिवार ने तुरंत छत्रपति संभाजीनगर क्राइम ब्रांच का दरवाजा खटखटाया, जिसने मुग्धा की लोकेशन ट्रेस करना शुरू कर दिया।

लोकेशन ट्रेस करते हुए छत्रपति संभाजीनगर पुलिस पिंपरी-चिंचवड़ के गहुंजे स्थित लोढ़ा बेलमोंडो कॉम्प्लेक्स तक पहुंची और स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी। शिरगांव पुलिस के वरिष्ठ निरीक्षक देवेंद्र चव्हाण ने बताया कि पुलिस जब उस फ्लैट पर पहुंची, तो एक ताला बनाने वाले की मदद से अंदर दाखिल हुई, जहां मुग्धा मृत अवस्था में मिली।

पुलिस अधिकारी चव्हाण के मुताबिक, मुग्धा ने यह अपार्टमेंट अप्रैल में ही किराए पर ले लिया था, लेकिन वह अगस्त में ब्रिटेन से लौटने के बाद ही वहां रहने आई थी। शव पर चोट के कोई निशान न होने के कारण मौत की असली वजह जानने के लिए आंतरिक अंगों के नमूने (विसरा) सुरक्षित रख लिए गए हैं।

फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है कि आखिर मुग्धा किन परिस्थितियों में भारत लौटी और परिवार से यह बात क्यों छिपाई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है, इसलिए अब आगे की मेडिकल जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। पुलिस मुग्धा के लंदन से लौटने के बाद की सभी गतिविधियों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

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