comScore ऑक्सफोर्ड ग्लोबल सिटीज इंडेक्स: भारतीय शहरों में अहमदाबाद 15वें पायदान पर, वैश्विक स्तर पर 571वीं रैंक - Vibes Of India

Gujarat News, Gujarati News, Latest Gujarati News, Gujarat Breaking News, Gujarat Samachar.

Latest Gujarati News, Breaking News in Gujarati, Gujarat Samachar, ગુજરાતી સમાચાર, Gujarati News Live, Gujarati News Channel, Gujarati News Today, National Gujarati News, International Gujarati News, Sports Gujarati News, Exclusive Gujarati News, Coronavirus Gujarati News, Entertainment Gujarati News, Business Gujarati News, Technology Gujarati News, Automobile Gujarati News, Elections 2022 Gujarati News, Viral Social News in Gujarati, Indian Politics News in Gujarati, Gujarati News Headlines, World News In Gujarati, Cricket News In Gujarati

Vibes Of India
Vibes Of India

ऑक्सफोर्ड ग्लोबल सिटीज इंडेक्स: भारतीय शहरों में अहमदाबाद 15वें पायदान पर, वैश्विक स्तर पर 571वीं रैंक

| Updated: September 19, 2026 14:41

अर्थव्यवस्था में शानदार प्रदर्शन, लेकिन पर्यावरण में पिछड़ा: जानिए ऑक्सफोर्ड ग्लोबल सिटीज इंडेक्स में अहमदाबाद की असली स्थिति

ऑक्सफोर्ड इकोनॉमिक्स के नवीनतम ग्लोबल सिटीज इंडेक्स में दुनिया भर के 1,000 शहरों की आर्थिक क्षमता और विकास मानकों का आकलन किया गया है, जिसमें अहमदाबाद ने देश भर में 15वां और वैश्विक स्तर पर 571वां स्थान हासिल किया है। विकासशील अर्थव्यवस्थाओं के बीच अपनी मजबूत आर्थिक गतिशीलता के चलते शहर ने अंतरराष्ट्रीय पटल पर अपनी ठोस उपस्थिति दर्ज कराई है।

देश के अन्य प्रमुख महानगरों पर नजर डालें तो राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली 268वीं रैंक के साथ भारतीय शहरों में शीर्ष पर रही, जबकि बेंगलुरु 311वें और मुंबई 320वें पायदान पर रहे। गुजरात के बाकी शहरों में सूरत 697वें, वडोदरा 702वें और राजकोट 824वें स्थान पर रहा। यह सूचकांक मुख्य रूप से पांच पैमानों—अर्थव्यवस्था, मानव पूंजी, जीवन की गुणवत्ता, पर्यावरण और सुशासन के आधार पर तैयार किया गया है।

समग्र 571वीं रैंक की तुलना में अहमदाबाद का प्रदर्शन अर्थव्यवस्था और मानव संसाधन के मोर्चे पर काफी बेहतर रहा। शहर ने अर्थव्यवस्था वर्ग में 379वां और मानव पूंजी श्रेणी में 347वां स्थान प्राप्त किया, जबकि सुशासन के मानक पर यह 415वें स्थान पर रहा।

इसके विपरीत, पर्यावरण और जीवन की गुणवत्ता के पैमानों पर शहर की स्थिति चिंताजनक रही। अहमदाबाद जीवन की गुणवत्ता (क्वालिटी ऑफ लाइफ) में फिसलकर 881वें और पर्यावरण श्रेणी में 795वें पायदान पर पहुंच गया। पर्यावरण श्रेणी के तहत वायु गुणवत्ता, कार्बन उत्सर्जन की तीव्रता, प्राकृतिक आपदाओं के जोखिम तथा तापमान और वर्षा की असामान्यताओं का बारीक विश्लेषण किया गया था।

इस रिपोर्ट में अहमदाबाद और सूरत को ‘इमर्जिंग स्टैंडआउट्स’ श्रेणी में शामिल किया गया है। यह दर्जा विकासशील देशों के उन शहरों को दिया जाता है जो अपने राष्ट्रीय औसत से कहीं बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, तीव्र उत्पादकता वृद्धि और राष्ट्रीय औसत से अधिक प्रति व्यक्ति आय के कारण ऐसे शहर लोगों और प्रतिभाओं को अपनी ओर तेजी से आकर्षित कर रहे हैं।

भविष्य के आर्थिक परिदृश्य पर प्रकाश डालते हुए रिपोर्ट में कहा गया है कि एशियाई शहर वैश्विक विकास पर अपना दबदबा बनाए रखेंगे। चीन और भारत के शहर विशाल आबादी, उच्च उत्पादकता और आय वृद्धि के दम पर 2050 तक इस वृद्धि का नेतृत्व करेंगे। वर्तमान में दिल्ली, शंघाई और बीजिंग भले ही शीर्ष 100 से बाहर हैं, लेकिन वर्ष 2050 तक जीडीपी में सर्वाधिक उछाल इन्हीं शहरों में देखने को मिलेगा। इसके साथ ही, कई भारतीय शहर वित्तीय व व्यावसायिक सेवाओं के विस्तार में आगे रहेंगे, जहां बेंगलुरु एक प्रमुख वैश्विक तकनीकी केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत करेगा।

गुजरात के विशेषज्ञों का कहना है कि अहमदाबाद की इस रैंकिंग से साफ संकेत मिलता है कि शहर को अब नागरिकों के जीवन स्तर को संवारने और पर्यावरण संरक्षण के बुनियादी ढांचे में बड़े पैमाने पर निवेश करने की आवश्यकता है।

यह भी पढ़ें-

पढ़ाई छूटी, नौकरी भी नहीं: देश के 250 जिलों में हर चौथा युवा खाली बैठा है, पढ़ें चौंकाने वाली रिपोर्ट

गणेशोत्सव के अनसुने रहस्य: पुणे में शुरू हुआ ‘कल्चरल कैप्चर चैलेंज 2026’, AI को भी दी गई चुनौती

Your email address will not be published. Required fields are marked *