गांधीनगर: गुजरात सरकार ने अपने राज्य में अंतरिक्ष अनुसंधान और विकास को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। हाल ही में लागू की गई ‘स्पेस टेक पॉलिसी 2025-30’ के तहत पहली बार पांच प्रमुख अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी कंपनियों को राज्य सरकार ने वित्तीय सहायता देने की मंजूरी दी है। शीर्ष सरकारी अधिकारियों के अनुसार, जिन कंपनियों को यह खास मदद मिलेगी उनमें एज़िस्टा स्पेस सिस्टम्स, पियरसाइट स्पेस, स्पैंट्रिक, भारत स्पेस व्हीकल्स और यूएलईओ स्पेस (ऑर्बिट स्पेस) शामिल हैं।
वित्तीय सहायता के साथ-साथ सरकार ने राज्य में किसी तकनीकी रूप से उपयुक्त स्थान पर एक ‘स्पेस लॉन्चपैड’ विकसित करने के लिए भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसके लिए व्यवहार्यता अध्ययन (फीजिबिलिटी स्टडी) जोरों पर चल रहा है। अधिकारियों ने बताया कि ये सभी चयनित कंपनियां अहमदाबाद के पास खोरज में बनाए जा रहे एक विशेष ‘स्पेस टेक मैन्युफैक्चरिंग पार्क’ में स्थापित की जाएंगी। इस प्रस्तावित पार्क को सैटेलाइट निर्माण, स्पेस इलेक्ट्रॉनिक्स, असेंबली, एकीकरण और परीक्षण सुविधाओं के एक विशाल और एकीकृत क्लस्टर के रूप में विकसित किया जा रहा है।
अहमदाबाद पहले से ही अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण केंद्र रहा है, और सरकार इसी का फायदा उठाना चाहती है। एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि स्पेस एप्लिकेशन सेंटर (इसरो-सैक), भौतिक अनुसंधान प्रयोगशाला (पीआरएल) और इन-स्पेस (IN-SPACe) जैसी प्रमुख राष्ट्रीय संस्थाओं की अहमदाबाद में मौजूदगी का पूरा लाभ उठाया जा रहा है। इन संस्थानों की मदद से अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी अनुसंधान, निर्माण और व्यवसायीकरण के लिए एक बेहतरीन और मजबूत इकोसिस्टम तैयार करने की योजना है।
इस बड़े प्रोजेक्ट का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा ‘कॉमन टेक्निकल फैसिलिटी सेंटर’ (CTFC) होगा, जिसे इन-स्पेस के सहयोग से स्थापित करने का प्रस्ताव रखा गया है। सूत्रों के मुताबिक, यह सेंटर स्टार्टअप्स, एमएसएमई और पहले से स्थापित कंपनियों को साझा परीक्षण बुनियादी ढांचा और तकनीकी सहायता सेवाएं प्रदान करेगा। इस खास सुविधा के तैयार होने से न केवल नई अंतरिक्ष तकनीकों को विकसित करने की लागत कम होगी, बल्कि उन्हें बाजार तक पहुंचने में लगने वाला समय भी काफी घट जाएगा।
जमीनी स्तर पर काम शुरू होने की विस्तृत जानकारी देते हुए आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि एज़िस्टा स्पेस सिस्टम्स ने खोरज पार्क में जमीन का अधिग्रहण कर लिया है और अपनी निर्माण इकाई का काम भी शुरू कर दिया है। दूसरी ओर, पियरसाइट स्पेस, भारत स्पेस व्हीकल्स, स्पैंट्रिक और ऑर्बिट स्पेस भी वहां अपना कामकाज शुरू करने की अंतिम प्रक्रिया में हैं। राज्य के इस तेजी से उभरते स्पेस इकोसिस्टम को देखकर ध्रुवा स्पेस और अनंत टेक्नोलॉजीज जैसी अन्य प्रतिष्ठित कंपनियां भी अब गुजरात में निवेश की संभावनाएं तलाश रही हैं।
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