रोटी से अलग होने के कारण पराठा पर 18% जीएसटी, गुजरात AAAR का फैसला

| Updated: October 13, 2022 12:44 pm

अहमदाबादः गुजरात अपीलेट अथॉरिटी ऑफ एडवांस रूलिंग (AAAR) ने अथॉरिटी ऑफ एडवांस रूलिंग (AAR) के फैसले को बरकरार रखते हुए कहा है कि पराठा पर 18% जीएसटी (GST) लागू होता है। विवेक रंजन और मिलिंद तोरावणे की दो सदस्यीय बेंच ने कहा कि पराठे सादे चपाती यानी रोटी से अलग होते हैं। इसलिए उन पर जीएसटी रोटी के समान नहीं लग सकता। बता दें कि रोटी 5% जीएसटी स्लैब में है, लेकिन पराठा 18% के स्लैब में आ गया है। इससे नई बहस छिड़ गई है।

अपीलकर्ता ब्रांडेड पराठे बनाने वाली गुजरात की कंपनी वाडीलाल इंडस्ट्रीज (Vadilal Industries) का कहना था कि कई तरतह के पराठों, खाखरा पर रोटी की तर्ज पर 5% जीएसटी लगना चाहिए। इसलिए कि चपाती, रोटी और पराठों में बहुत समानता है। इनके बनाने की प्रक्रिया से लेकर इस्तेमाल करने तक का प्रोसेस बिल्कुल एक जैसा है। अपीलकर्ता आठ तरह के पराठे-मालाबार पराठा, मिश्रित सब्जी पराठा, प्याज पराठा, मेथी पराठा, आलू पराठा, लच्छा पराठा, मूली पराठा और सादा पराठा बनाने के बिजनेस में हैं। उन्होंने बताया कि पराठे की सभी किस्मों की प्रमुख सामग्री गेहूं का आटा और अन्य सामग्री जैसे आलू, सब्जियां, मूली, प्याज, मेथी आदि हैं। उनके द्वारा पैक की गई स्थिति में आपूर्ति और बेचे जाने वाले पराठों को सीधे पहले से गरम किए हुए फ्लैट पैन पर रखा जाता है या तवा को मध्यम आंच पर लगभग 3-4 मिनट के लिए गरम करने के लिए रखते हैं। इस दौरान परांठे को हर 30 सेकेंड में पलटना होता है।

वाडीलाल की दलीलों को सुनने के बाद गुजरात AAR ने कहा कि खाखरा, सादी रोटी पकी हुई होती और इसे खाने के लिए दोबारा पकाने की जरूरत नहीं होती। यह खाने के लिए तैयार होता है। जबकि कंपनी जो ‘पराठा’ बेचती है, वह न केवल उनसे अलग है, बल्कि इसे खाने लायक बनाने के लिए और प्रोसेसिंग की जरूरत पड़ती है। यानी कि रोटी रेडी टु ईट (Ready To Eat है) जबकि पराठा रेडी टु कुक (Ready To Cook) है।

बेंच ने कहा कि वाडीलाल ने अपने पैकेट पर जो निर्देश लिखे हैं, उनमें भी लिखा है कि इसे 3 से 4 मिनट तक मध्यम आंच पर गरम करें। साथ ही गरम करते समय इसे ज्यादा टेस्टी और कुरकुरा बनाने के लिए तेल या बटर मिलाएं। बेंच ने साथ ही आटे के कंपोजीशन के आधार पर भी रोटी और पराठे में अंतर को बताया। पराठे में आटे की मात्रा 36 से 62% तक होती है। गौरतलब है कि इससे पहले कर्नाटक अथॉरिटी ऑफ एडवांस रूलिंग (AAR) ने भी फैसला दिया था कि पराठे पर जीएसटी 18 % ही लगेगा।

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