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आबादी से ज़्यादा हुए फोन: गुजरात ने रचा इतिहास, 5 साल बाद टेली-डेंसिटी 100% के पार

| Updated: July 11, 2026 14:08

TRAI की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, गुजरात में मोबाइल कनेक्शन की संख्या राज्य की कुल आबादी को पार कर गई है। जानिए कैसे 5G सेवाओं के विस्तार और मल्टीपल सिम के इस्तेमाल ने इस आंकड़े को 7.2 करोड़ के पार पहुंचाया।

अहमदाबाद: गुजरात के दूरसंचार क्षेत्र से एक बेहद दिलचस्प और ऐतिहासिक खबर सामने आ रही है। राज्य में अब इंसानों की कुल आबादी से भी ज़्यादा फोन कनेक्शन एक्टिव हो चुके हैं। पिछले करीब पांच सालों में यह पहला मौका है जब गुजरात की टेली-डेंसिटी (दूरसंचार घनत्व) ने 100 फीसदी के आंकड़े को पार कर लिया है।

‘भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण’ (TRAI) की ताजा सब्सक्रिप्शन रिपोर्ट के मुताबिक, मई महीने में टेलीकॉम कंपनियों ने राज्य में 4.06 लाख नए ग्राहक जोड़े हैं। इन नए ग्राहकों के जुड़ते ही गुजरात में कुल टेलीकॉम उपभोक्ताओं की संख्या बढ़कर 7.2 करोड़ के पार पहुंच गई है। इसके साथ ही जुलाई 2021 के बाद पहली बार टेली-डेंसिटी का ग्राफ 100 के पार निकल गया है।

आसान शब्दों में समझें तो टेली-डेंसिटी यह तय करती है कि प्रति 100 लोगों पर कितने फोन कनेक्शन मौजूद हैं। इस आंकड़े का 100 से ऊपर जाने का सीधा मतलब है कि राज्य की अनुमानित जनसंख्या के मुकाबले चालू फोन कनेक्शन कहीं अधिक हैं। इसके पीछे सबसे बड़ी वजह यह है कि आज के दौर में लोग काम, व्यापार, डेटा और निजी इस्तेमाल के लिए एक से ज़्यादा सिम कार्ड रख रहे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के महीनों में हुई यह वृद्धि गुजरात के दूरसंचार इतिहास की सबसे मजबूत मासिक बढ़त में से एक है। यह साफ तौर पर दिखाता है कि वायरलेस सेवाओं को लेकर लोगों की निर्भरता और मांग लगातार बढ़ती जा रही है।

उद्योग जगत से जुड़े सूत्रों ने इस उछाल के पीछे कई अहम वजहें बताई हैं। राज्य में प्रवासी मजदूरों की वापसी से बड़ी संख्या में नए उपभोक्ता जुड़े हैं। इसके अलावा टेलीकॉम ऑपरेटरों ने विशेष रूप से ग्रामीण इलाकों में अपने नेटवर्क का तेजी से विस्तार किया है। बाजार में कंपनियों के बीच जारी कड़े मुकाबले और मोबाइल नंबर पोर्टेबिलिटी (MNP) के अनुरोधों ने भी इस आंकड़े को बढ़ाने में मदद की है।

देश में शुरू हुई 5G सेवाओं ने भी इस रफ्तार को नई ऊर्जा दी है। कंपनियों के अधिकारियों का कहना है कि बहुत से उपभोक्ता अपना पुराना नंबर बदले बिना सिर्फ बेहतर नेटवर्क कवरेज या खास 5G सेवाओं का लुत्फ उठाने के लिए अतिरिक्त सिम कार्ड खरीद रहे हैं।

अगर कंपनियों के लिहाज से देखें तो रिलायंस जियो 3.33 करोड़ ग्राहकों के साथ राज्य की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी बनी हुई है। इसके बाद वोडाफोन आइडिया 1.98 करोड़ उपभोक्ताओं के साथ दूसरे, भारती एयरटेल 1.57 करोड़ के साथ तीसरे और सरकारी कंपनी बीएसएनएल करीब 32 लाख ग्राहकों के साथ चौथे स्थान पर है।

ट्राई की इस रिपोर्ट से यह भी पता चलता है कि गुजरात में 5G फिक्स्ड वायरलेस सब्सक्राइबर्स का आधार भी तेजी से बढ़ रहा है। अप्रैल में यह संख्या 6.75 लाख थी, जो मई में बढ़कर 6.84 लाख हो गई। यह बदलाव राज्य में हाई-स्पीड वायरलेस ब्रॉडबैंड सेवाओं को लेकर लोगों की बढ़ती दीवानगी को बयां करता है।

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